
स्व.वेदमती नायक की स्मृति में पुष्प वाटिका हेतु नागरिकों ने विभिन्न प्रजाति फूल पौधा किया भेंट
तमनार । तेजराम नायक 30.11.2024 केलो बनांचल आदिवासी बाहुल्य तहसील तमनार के लक्ष्मण पांव,सीता झरना बरदे भवानी द्वारीपाठ के गोद मे बसे ग्राम भुईकुर्री के स्वर्गीय वेदमती नायक गौंटिन के दशकर्म कार्यक्रम शुक्रवार को कश्यप गोत्रीय नायक कुटुंबजनों अघरिया समाज,बन्धु बंधावो,जय गुरुदेव ,गायत्री परिवार,मॉ बंजारी धाम,बाबा धाम अन्य सामाजिक,धार्मिक राजनीतिक संगठन, पत्रकार,वरिष्ठगणो एवं ग्रामीण सैकड़ो लोगो ने श्रद्धांजलि अर्पित कर परमपिता परमेश्वर इष्टदेव श्रीकृष्ण भगवान के श्रीचरणों में स्थान देने प्रार्थना की गई।

धर्मपरायण साहसी परोपकारी स्वर्गीय वेदमती शंकर नायक की स्मृति में पुष्प वाटिका हेतु नागरिकों ने एक फूल पौधा वेदमती के नाम विभिन्न प्रजाति के पौधा शोकाकुल परिवार को भेंट किया गया। दुलेन्द्र कुमार (नायक आर्ट्स न्यूज़) द्वारा सभी फूल पौधों का संरक्षण संवर्धन का संकल्प लिया गया।

हिंदू रीति-रिवाज दशकर्म कांड में पिंडदान,पुत्रो का मुंडन,शांतिकर्म हवन पूजन, चन्दनपान के बाद आत्मा की शांति के लिए मौन धारण भजन के बाद ब्राह्मण भोज दान और शांति भोज एवं रात्रकालीन कीर्तन भजन किया गया।

लैलूंगा विधायक विद्यावती कुंजबिहारी सिदार,मानस वक्ता गोकुलानन्द पटनायक,गायत्री मन्दिर ट्रस्टी अश्वनी पटनायक,अभा अघरिया समाज केंद्रीय अध्यक्ष भुवनेश्वर पटेल,जयगुरुदेव संगत के प्रदेश अध्यक्ष कमल सिंह पटेल, प्रकृति प्रेमी शिक्षा विद लक्ष्मीनारायण चौधरी,पंडित संतोष तिवारी,ज्योतिषाचार्य भागवत आचार्य पंडित किशोर पाणिग्राही अन्य गणमान्य ब्यक्तियो ने स्वर्गीय वेदमती शंकर नायक जी के धर्मपरायण साहसी परोपकार भावना को सराहना की गई।
शिक्षा विद लक्ष्मीनारायण चौधरी ने बताया कि धर्मपरायण साहसी परोपकारी संघर्षशील, धर्मिक विनम्र मृदुभाषी, कुशल व्यवहार व प्रभावी व्यक्तित्व की धनी थी भारतीय संस्कृति का शत प्रतिशत पालन करते हुए अपनी गृहस्थ जीवन के अतिरिक्त खेती-किसानी व इनके कुशल व्यवहार से कोई भी व्यक्ति प्रभावित हो जाता था तथा गांव के चाहे वह गरीब व्यक्ति हो या धनवान सभी से इनका अटूट प्रेम व व्यवहार बना रहता था।
ये न केवल संतोषी थे बल्कि धर्मपरायण रहते हुए अपने जीवन में ओडियाा भाषा में लक्ष्मी व कार्तिक पुराण गाते हुए आस-पास के लोगों को धर्म व संस्कृति से जोडने का कार्य करती थी। धार्मिक स्थलों का यात्रा करना व पूजा पाठ में हमेशा अपना समय बिताना इनके व्यक्तित्व के निश्क्षलता का प्रमाण था।
दशकर्म कार्यक्रम में लैलूंगा विधायक विद्यावती कुंजबिहारी सिदार,मानस वक्ता गोकुलानन्द पटनायक,गायत्री मन्दिर ट्रस्टी अश्वनी पटनायक,जनक राम साहू,मुकेश पटनायक,अभा अघरिया समाज केंद्रीय अध्यक्ष भुवनेश्वर पटेल,महासचिव दीनदयाल पटेल,प्रवक्ता दिनेश चौधरी,केंद्रीय प्रतिनिधि बिहारी लाल पटेल,याद लाल नायक,भागीरथी नायक,सुरेश नायक,धनी राम चौधरी,तेज राम नायक,बलदेव नायक,दीनबंधु पटेल,जयगुरुदेव संगत के प्रदेश अध्यक्ष कमल सिंह पटेल, प्रकृति प्रेमी शिक्षा विद लक्ष्मीनारायण चौधरी,पंडित संतोष तिवारी,ज्योतिषाचार्य भागवत आचार्य पंडित किशोर पाणिग्राही,रंगबल्लभ मालाकार,पंचराम मालाकार,घनश्याम मालाकार,तरुणीसेन,पितरु पटेल,बिहारी बलेचा,विजय डनसेना,नारायण डनसेना,कमल राठिया,भाजपा जिला उपाध्यक्ष अरुण राय,मण्डल अध्यक्ष जतिन्द्र साव,बंशीधर चौधरी,जनपद उपध्य्याय बूढा गौटिया गुप्ता,बीएमओ डॉ ड़ी एस पैकरा,डॉ कुशवाहा, देवेंद्र शर्मा,बीडीसी सुखलाल राठिया,प्रवीण बोहिदार,अधिवक्ता इंद्र कुमार पंडा, सम्पति सिदार,सरपंच जनप्रतिनिधियों डॉक्टर राठिया,ईश्वर किसान,नन्दकुमार सिदार अन्य गणमान्य नागरिक सैकड़ो ग्राम क्षेत्रवासी शामिल हुए।



